प्रधान मंत्री मोदी के नेतृत्व में भारत विकास की नई राह पर - नगर पालिका अध्यक्ष विनय जायसवाल - जिलाधिकारी ने बच्चों को पोलियो की दो बूंद पिलाकर अभियान का किया शुभारंभ - छाया विधायक महेश साहू ने साथियों सहित सुना प्रधानमंत्री मोदी का ‘मन की बात’ कार्यक्रम - रायगढ़ पुलिस की अनूठी पहल, महिला पुलिसकर्मियों के लिए मासिक धर्म स्वच्छता जागरूकता कार्यशाला आयोजित - पौआखाली थाना की सूचना पर खनन विभाग की कार्रवाई, खनिज लदा डंपर जब्तप्रधान मंत्री मोदी के नेतृत्व में भारत विकास की नई राह पर - नगर पालिका अध्यक्ष विनय जायसवाल - जिलाधिकारी ने बच्चों को पोलियो की दो बूंद पिलाकर अभियान का किया शुभारंभ - छाया विधायक महेश साहू ने साथियों सहित सुना प्रधानमंत्री मोदी का ‘मन की बात’ कार्यक्रम - रायगढ़ पुलिस की अनूठी पहल, महिला पुलिसकर्मियों के लिए मासिक धर्म स्वच्छता जागरूकता कार्यशाला आयोजित - पौआखाली थाना की सूचना पर खनन विभाग की कार्रवाई, खनिज लदा डंपर जब्त

पौआखाली थाना की सूचना पर खनन विभाग की कार्रवाई, खनिज लदा डंपर जब्त

खान निरीक्षक सुनील कुमार ने खनिज लदे डंपर की जांच कर किया जब्त,पौआखाली थाना के किया सूपूर्द

EDITED BY: DAT BUREAU

UPDATED: Sunday, June 28, 2026

संवाददाता:- फरीद अहमद

किशनगंज/पौआखाली। पौआखाली थाना क्षेत्र में पुलिस की सतर्कता से खनिज परिवहन में अनियमितता का मामला सामने आया है। थानाध्यक्ष शंख राज कर्ण द्वारा एक खनिज लदे डंपर को रोककर दस्तावेजों की जांच की गई। आवश्यक कागजात में कमी मिलने पर इसकी सूचना खनन विभाग को दी गई। सूचना के बाद मौके पर पहुंचे विभागीय अधिकारियों ने जांच के उपरांत डंपर को जब्त कर आगे की कार्रवाई के लिए पौआखाली थाना के सुपुर्द कर दिया।

खान निरीक्षक सुनील कुमार ने बताया कि वाहन चालक के पास खनिज परिवहन का चालान तो मौजूद था, लेकिन अंतरराज्यीय परिवहन के लिए आवश्यक ट्रांजिट पास नहीं मिला। उन्होंने स्पष्ट किया कि एक राज्य से दूसरे राज्य में खनिज ले जाने के दौरान चालान के साथ ट्रांजिट पास होना अनिवार्य है। इसी आधार पर वाहन को जब्त किया गया।

गौरतलब हो कि उक्त जप्त डंपर के पीछे पंजीकरण (नंबर) प्लेट नहीं लगी थी। जो की खुलेआम परिवहन नियमों को ताक पर रखना और नियमों की धज्जियां उड़ाई जा रही है।

सूत्रों का कहना है कि पश्चिम बंगाल से बिहार आने वाले कुछ खनिज वाहनों में ट्रांजिट पास से जुड़ी अनियमितताओं की शिकायतें पहले भी थी। हालांकि, इन दावों की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। हालिया कार्रवाई के बाद खनिज परिवहन पर निगरानी और सख्त होने की संभावना जताई जा रही है।

उत्तर प्रदेश के सभी 75 जिले