रायबरेली ब्यूरो।। उ0प्र0 राज्य महिला आयोग की सदस्य पुनम द्विवेदी ने आज जिला पंचायत सभागार में महिला उत्पीड़न व उनकी समस्याओं से जुड़े मुद्दो के बारे में अधिकारियों से समीक्षा की। बैठक के दौरान उन्होंने जन सुनवाई करते हुए घरेलू हिंसा, यौन उत्पीड़न, वैवाहिक समस्या, लैंगिक भेदभाव, शिक्षा व रोजगार आदि संबंधी शिकायत सुनी। उन्होंने सम्बन्धित अधिकारियों को निर्देश दिये कि सभी प्रकरण को संज्ञान में लेते हुए पीड़ित महिलाओ को शीघ्र न्याय दिलाया जाए। निर्देश दिये कि महिलाओं के उत्पीड़न व महिला से जुड़ी शिकायतों का निस्तारण गुणवत्तापूर्वक एवं समयबद्ध तरीके से किया जाये तथा महिलाओं से सम्बन्धित विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं का प्रचार-प्रसार ग्राम पंचायत व ग्रामीण स्तर पर कराया जाये। जिन प्रकरणों में अभी कार्यवाही लंबित है उन्हें भी आयोग के संज्ञान में लाने के निर्देश दिए।
उन्होंने कहा कि आयोग के निर्देश है कि महिलाओं और बच्चों से संबंधित प्रकरणों में शीघ्र कार्रवाई की जाए। महिला जन सुनवाई के दौरान 16 शिकायत प्राप्त हुई जिन्हें शीघ्र निस्तारित करने का निर्देश दिया गया। उन्होंने कहा कि पीड़ित महिलाओं को निःशुल्क विधिक सहायता भी उपलब्ध कराई जाएगी। महिला आयोग सदस्य ने कहा कि महिलाओं की सुरक्षा, सम्मान एवं न्याय सुनिश्चित करना राज्य महिला आयोग की प्राथमिकता है और किसी भी पीड़िता के साथ अन्याय नहीं होने दिया जाएगा।
इस अवसर पर उपस्थित महिलाओं को मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना, मुख्यमंत्री बाल सेवा योजना, स्पॉन्सरशिप योजना, महिला हेल्पलाइन नंबर, वन स्टॉप सेंटर एवं महिलाओं से सम्बन्धित पति की मृत्यु निराश्रित महिला पेंशन योजना, 181-महिला हेल्पलाईन, उ0प्र0 रानी लक्ष्मीबाई महिला एवं बाल सम्मान कोष योजना आदि के बारे में विस्तार पूर्वक जानकारी दी गई।
इस मौके पर जिला प्रोबेशन अधिकारी शक्ति त्रिपाठी, मुख्य चिकित्सा अधीक्षका निर्मला साहु, जिला कार्यक्रम अधिकारी सुरेन्द्र कुमार, श्रम प्रर्वतन अधिकारी शिव शंकर पाल, जिला विधिक पीएलवी पूनम सिंह, अंजू, पुरूष चिकित्सालय डॉ0 रिचा त्रिपाठी, एसएचओ महिला थाना पुष्पा शर्मा, बाल संरक्षण अधिकारी वीरेन्द्र पाल, जिला मिशन कोऑर्डिनेटर शैफाली सिंह, जेण्डर स्पेशलिस्ट पूजा तिवारी, काउंसलर श्रद्धा सिंह सहित अन्य अधिकारी/कर्मचारी उपस्थित रहे।




