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शिवगढ़ सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में बेलगाम हुई स्वास्थ्य व्यवस्था

सुबह 9:20 बजे तक डॉक्टरों का इंतजार करते रहे मरीज

EDITED BY: DAT BUREAU

UPDATED: Monday, August 31, 2026

अलताब अहमद शिवगढ़, रायबरेली।
शिवगढ़ सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में स्वास्थ्य सेवाओं की बदहाल व्यवस्था एक बार फिर सवालों के घेरे में है। अस्पताल खुलने का निर्धारित समय सुबह 8:00 बजे है, लेकिन सोमवार को करीब 9:15 से 9:20 बजे तक संवाददाता द्वारा किए गए कवरेज के दौरान अस्पताल परिसर में कई महत्वपूर्ण कक्ष खाली नजर आए। मरीज पर्चा लेकर इधर-उधर भटकते दिखाई दिए और स्वास्थ्य सेवाओं के लिए उन्हें इंतजार करना पड़ा।
कवरेज के दौरान स्थिति यह रही कि डॉक्टरों की मौजूदगी नजर नहीं आई। इतना ही नहीं, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के अधीक्षक एवं चिकित्सा अधिकारी के कक्ष सहित अन्य कमरे भी खाली मिले। अस्पताल में इलाज की उम्मीद लेकर पहुंचे मरीज और उनके तीमारदार चिकित्सकों के आने का इंतजार करते रहे।

8 बजे खुलने वाला अस्पताल, 9:20 तक इंतजार

नियम के अनुसार अस्पताल का संचालन सुबह 8:00 बजे से होना बताया गया है। ऐसे में सवाल उठता है कि जब सुबह 9:15 से 9:20 बजे तक अस्पताल में चिकित्सकों और जिम्मेदार अधिकारियों की मौजूदगी नजर नहीं आई, तो मरीजों को समय पर स्वास्थ्य सुविधा कैसे मिल रही है?

मौके पर मौजूद मरीजों के बीच भी व्यवस्था को लेकर नाराजगी दिखाई दी। पर्चा बनवाने के बाद मरीज चिकित्सक से परामर्श और इलाज के लिए इधर-उधर भटकते नजर आए।

जिम्मेदारों की लापरवाही पर उठे सवाल

स्वास्थ्य केंद्र की यह तस्वीर सरकारी स्वास्थ्य व्यवस्था की जमीनी हकीकत पर गंभीर सवाल खड़े करती है। ग्रामीण क्षेत्र के इस महत्वपूर्ण सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पर बड़ी संख्या में मरीज इलाज के लिए निर्भर रहते हैं। ऐसे में चिकित्सकों और जिम्मेदार कर्मचारियों की समय पर उपस्थिति बेहद महत्वपूर्ण है।

अगर अस्पताल खुलने के निर्धारित समय के काफी देर बाद भी चिकित्सक और अधिकारी अपने कक्षों में मौजूद नहीं हैं, तो इसका खामियाजा सीधे मरीजों को भुगतना पड़ता है।

अधीक्षक ने कही सीसीटीवी कैमरे चेक कराने की बात

मामले को लेकर जब सीएचसी अधीक्षक संजीव कुमार शुक्ला से बातचीत की गई तो उन्होंने सीसीटीवी कैमरे चेक कराने की बात कही। अब देखना होगा कि सीसीटीवी फुटेज की जांच में उस समय अस्पताल में कर्मचारियों और चिकित्सकों की वास्तविक उपस्थिति क्या सामने आती है और जिम्मेदारों पर क्या कार्रवाई होती है।

बड़ा सवाल

जब अस्पताल खुलने का समय सुबह 8:00 बजे है, तो सुबह 9:20 बजे तक चिकित्सकों और जिम्मेदार अधिकारियों की अनुपस्थिति का जिम्मेदार कौन है?
क्या अस्पताल में कर्मचारियों की उपस्थिति की नियमित निगरानी होती है? क्या मरीजों को निर्धारित समय पर स्वास्थ्य सेवाएं मिल रही हैं? और यदि नहीं, तो जिम्मेदार अधिकारियों पर कार्रवाई कब होगी?
शिवगढ़ सीएचसी की यह स्थिति स्वास्थ्य विभाग के उच्चाधिकारियों के लिए भी जांच का विषय बन गई है। अब जरूरत है कि पूरे मामले की सीसीटीवी फुटेज, उपस्थिति रजिस्टर और ड्यूटी रोस्टर की जांच कर वास्तविक स्थिति सामने लाई जाए, ताकि मरीजों को समय पर इलाज मिल सके और सरकारी स्वास्थ्य व्यवस्था में लापरवाही पर अंकुश लगाया जा सके।

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