सर्पदंश से 12 वर्षीय बालिका की मौत, परिवार में मचा कोहराम - एम्स रायबरेली के इमरजेंसी ओटी ने साढ़े पांच माह में 651 सफल ऑपरेशन किए - 20 जुलाई को ब्लैक डे के रूप में याद रखा जाएगा -अखिलेश माही - धरमजयगढ़ मांड नदी जलविद्युत परियोजना पर दायर जनहित याचिका खारिज, उच्च न्यायालय की सख्त टिप्पणी— "अखबारी खबरें नहीं, ठोस साक्ष्य चाहिए! - साइबर पुलिस का 'साईवज्र' प्रहार: चीनी ठगों को रकम भेजने वाले गिरोह का पर्दाफाश, महिला समेत 3 गिरफ्तारसर्पदंश से 12 वर्षीय बालिका की मौत, परिवार में मचा कोहराम - एम्स रायबरेली के इमरजेंसी ओटी ने साढ़े पांच माह में 651 सफल ऑपरेशन किए - 20 जुलाई को ब्लैक डे के रूप में याद रखा जाएगा -अखिलेश माही - धरमजयगढ़ मांड नदी जलविद्युत परियोजना पर दायर जनहित याचिका खारिज, उच्च न्यायालय की सख्त टिप्पणी— "अखबारी खबरें नहीं, ठोस साक्ष्य चाहिए! - साइबर पुलिस का 'साईवज्र' प्रहार: चीनी ठगों को रकम भेजने वाले गिरोह का पर्दाफाश, महिला समेत 3 गिरफ्तार

डीएम-एसपी-एसडीएम ने बाल विवाह मुक्त को लेकर कर्मियों का दिलाया शपथ

महिला एवं बाल विकास निगम के द्वारा बाल विवाह मुक्ति पर शपथ समारोह "बाल विवाह मुक्त भारत" अभियान का हिस्सा

EDITED BY: DAT BUREAU

UPDATED: Thursday, November 27, 2025

DM-SP-SDM administered oath to the employees regarding child marriage free

संवाददाता विजय बैठा शिवहर

शिवहर – समाहरणालय के सभा कक्ष में जिला पदाधिकारी विवेक रंजन मैत्रेय ,पुलिस अधीक्षक शैलेश कुमार सिन्हा ,एसडीम अविनाश कुणाल ने महिला एवं बाल विकास निगम शिवहर के तत्वाधान में बाल विवाह मुक्त भारत अभियान के प्रथम वर्षगांठ के शुभ अवसर पर पदाधिकारी एवं कर्मियों को शपथ दिलाई है।डीएम ने बताया है कि महिला एवं बाल विकास निगम के द्वारा बाल विवाह मुक्ति पर शपथ समारोह “बाल विवाह मुक्त भारत” अभियान का हिस्सा है, जिसे 27 नवंबर 2024 को केंद्रीय महिला एवं बाल विकास मंत्री ने शुरू किया था। इसका उद्देश्य समाज में जागरूकता बढ़ाकर 2030 तक बाल विवाह को समाप्त करना है।

उन्होंने बताया है कि यह अभियान शिक्षा संस्थानों, पंचायतों, पुलिस थानों और अन्य सार्वजनिक स्थानों पर आयोजित किया जाता है, जहाँ अधिकारी, कर्मचारी, छात्र और नागरिक बाल विवाह के खिलाफ सामूहिक रूप से शपथ लेते हैं। शपथ का मुख्य सार यह है कि वे बाल विवाह को एक सामाजिक बुराई और अपराध मानेंगे, इसका विरोध करेंगे और इसकी सूचना अधिकारियों को देंगे ताकि हर बच्चे को शिक्षा, सुरक्षा और अवसर का अधिकार मिल सके।

खबरें और भी

उत्तर प्रदेश के सभी 75 जिले