चंद्रपुर के दरहाघाट में बाढ़ आपदा से बचाव हेतु मॉकड्रिल का किया गया आयोजन - स्कूल से लौट रही 5 साल की मासूम खुले कुएं में गिरी साढ़े तीन घंटे चले रेस्क्यू के बाद सुरक्षित बाहर निकाला - कस्तूरबा गांधी विद्यालय का औचक निरीक्षण अधिकारियों ने चखा भोजन और जांची व्यवस्थाएं - चकबंदी के दौरान बवाल, ग्रामीणों ने कानूनगो और लेखपालों को दौड़ाकर पीटा,घर में घुसकर बचाई जान - 30 लाख की सनसनीखेज लूट का खुलासा पुलिस ने तीन आरोपी किए गिरफ्तार, 24 लाख रुपये बरामदचंद्रपुर के दरहाघाट में बाढ़ आपदा से बचाव हेतु मॉकड्रिल का किया गया आयोजन - स्कूल से लौट रही 5 साल की मासूम खुले कुएं में गिरी साढ़े तीन घंटे चले रेस्क्यू के बाद सुरक्षित बाहर निकाला - कस्तूरबा गांधी विद्यालय का औचक निरीक्षण अधिकारियों ने चखा भोजन और जांची व्यवस्थाएं - चकबंदी के दौरान बवाल, ग्रामीणों ने कानूनगो और लेखपालों को दौड़ाकर पीटा,घर में घुसकर बचाई जान - 30 लाख की सनसनीखेज लूट का खुलासा पुलिस ने तीन आरोपी किए गिरफ्तार, 24 लाख रुपये बरामद

चंद्रपुर के दरहाघाट में बाढ़ आपदा से बचाव हेतु मॉकड्रिल का किया गया आयोजन

एसडीआरएफ, पुलिस और स्वास्थ्य विभाग की टीमों ने किया बाढ़ बचाव का अभ्यास

EDITED BY: DAT BUREAU

UPDATED: Thursday, August 20, 2026

गणेश दास महंत जिला ब्यूरो चीफ जिला सक्ती सक्ती, 20 अगस्त 2026// राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण, भारत सरकार, नई दिल्ली, छत्तीसगढ़ राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण तथा राजस्व एवं आपदा प्रबंधन विभाग, जिला सक्ती के संयुक्त तत्वावधान में आज तहसील चंद्रपुर अंतर्गत दरहाघाट में बाढ़ आपदा से बचाव एवं राहत कार्यों की तैयारियों को परखने के लिए जिला स्तरीय बाढ़ बचाओ प्रशिक्षण मॉकड्रिल का आयोजन किया गया। इस अवसर पर संयुक्त कलेक्टर श्री अरुण कुमार सोम ने कहा कि मॉकड्रिल का उद्देश्य आपदा के समय बचाव एवं राहत कार्यों की तैयारियों को परखना तथा आमजन को बाढ़ जैसी आपदाओं से बचाव के प्रति जागरूक करना है। उन्होंने कहा कि आपदा की स्थिति में शासकीय विभागों के साथ आम नागरिकों की भी महत्वपूर्ण भूमिका होती है। इसलिए सभी को आपदा के दौरान बरती जाने वाली सावधानियों एवं बचाव के तरीकों की जानकारी होना आवश्यक है।

मॉकड्रिल के दौरान एसडीआरएफ, पुलिस, नगर सेना, स्वास्थ्य विभाग एवं आपातकालीन सेवाओं की टीम द्वारा बाढ़ बचाव में उपयोग होने वाली सामग्री, लाइफ जैकेट, रस्सी और बोट आदि की जांच कर बचाव कार्यों का अभ्यास किया गया। टीम द्वारा नदी में डूब रहे व्यक्तियों एवं पशुओं को बचाने, तेज बहाव में फंसे लोगों को सुरक्षित स्थान तक पहुंचाने तथा आपदा के दौरान स्वयं और दूसरों की जीवन रक्षा के विभिन्न तरीकों का प्रदर्शन किया गया।

मॉकड्रिल में स्थानीय प्रशासन, ग्रामीणों, एनसीसी कैडेट्स, स्कूल-कॉलेज के छात्र-छात्राओं एवं आम नागरिकों को भी शामिल किया गया, ताकि आपदा के समय सही तरीके से बचाव दल की सहायता की जा सके। इस अवसर पर तहसीलदार श्री संजय मिंज, बाढ़ बचाव दल के जवान, विभिन्न जनप्रतिनिधि, गणमान्य नागरिक, आमजन, बच्चे तथा संबंधित विभागों के अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित रहे।

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