पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री श्री राजेश अग्रवाल ने युवाओं को दिलाया नशामुक्त भारत का संकल्प, विकसित भारत के निर्माण में सक्रिय भागीदारी का किया आह्वान - शासकीय कार्य में बाधा, थाना चांपा पुलिस की सख्त कार्यवाही 02 आरोपी गिरफ्तार - सावन के पहले सोमवार को लेकर प्रशासन अलर्ट, - प्राथमिक विद्यालय से मध्याह्न भोजन का खाद्यान्न गायब, - गंगा का जलस्तर चेतावनी बिंदु से ऊपर,तटवर्ती गांवों में घुसा पानी, प्रशासन मुस्तैदपर्यटन एवं संस्कृति मंत्री श्री राजेश अग्रवाल ने युवाओं को दिलाया नशामुक्त भारत का संकल्प, विकसित भारत के निर्माण में सक्रिय भागीदारी का किया आह्वान - शासकीय कार्य में बाधा, थाना चांपा पुलिस की सख्त कार्यवाही 02 आरोपी गिरफ्तार - सावन के पहले सोमवार को लेकर प्रशासन अलर्ट, - प्राथमिक विद्यालय से मध्याह्न भोजन का खाद्यान्न गायब, - गंगा का जलस्तर चेतावनी बिंदु से ऊपर,तटवर्ती गांवों में घुसा पानी, प्रशासन मुस्तैद

राशन डीलरों की मांगों को लेकर ऑल इंडियन फेयर प्राइस शॉप डीलर एसोसिएशन ने मुख्यमंत्री को भेजा ज्ञापन

ब्यूरो चीफ विपिन सिंह चौहान फर्रूखाबाद उत्तर प्रदेश के राशन डीलरों की समस्याओं को लेकर ऑल इंडियन फेयर प्राइस शॉप डीलर एसोसिएशन, उत्तर प्रदेश ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को एक ज्ञापन भेजा है। संगठन ने स्पष्ट शब्दों में कहा है कि यदि सरकार ने उनकी समस्याओं का

EDITED BY: DAT BUREAU

UPDATED: Tuesday, July 15, 2025

ब्यूरो चीफ विपिन सिंह चौहान फर्रूखाबाद उत्तर प्रदेश के राशन डीलरों की समस्याओं को लेकर ऑल इंडियन फेयर प्राइस शॉप डीलर एसोसिएशन, उत्तर प्रदेश ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को एक ज्ञापन भेजा है। संगठन ने स्पष्ट शब्दों में कहा है कि यदि सरकार ने उनकी समस्याओं का समाधान नहीं किया, तो आगामी अगस्त माह का राशन वितरण पहले तीन दिनों तक रोका जाएगा, जिसकी संपूर्ण जिम्मेदारी शासन व प्रशासन की होगी।
एसोसिएशन के प्रदेश महामंत्री अशोक सिंह व प्रदेश अध्यक्ष राजेश तिवारी की अगुवाई में भेजे गए ज्ञापन में कहा गया है कि:1. फीडबैक कॉल की प्रणाली में गड़बड़ियां हैं। कई बार विरोधी तत्व फोन उठाकर गलत जानकारी देते हैं, जिससे कोटेदारों पर अनावश्यक जांच होती है। जांच की प्रक्रिया एक विभाग से ही कराई जाए, जिससे शोषण पर रोक लग सके।2. उत्तर प्रदेश के कोटेदारों को खाद्यान्न पर मात्र ₹10/क्विंटल व चीनी पर ₹70/क्विंटल लाभांश मिलता है, जबकि हरियाणा, गोवा, दिल्ली व गुजरात जैसे राज्यों में ₹200/क्विंटल या न्यूनतम ₹20,000 मासिक गारंटी दी जाती है। यूपी में भी यह सुविधा दी जाए।3. डोर-स्टेप डिलीवरी की व्यवस्था शासनादेश के अनुसार की जाए और गुणवत्तायुक्त खाद्यान्न सीधे दुकानों तक पहुंचाया जाए।4. पूर्व के सभी लंबित भुगतान शीघ्र कराए जाएं।5. ऑनलाइन वितरण प्रणाली के बावजूद कोटेदारों से स्टॉक रजिस्टर, सत्यापन प्रमाण-पत्र जैसे दस्तावेज मांगे जाते हैं, जिन्हें समाप्त किया जाए और पेपरलेस व्यवस्था लागू की जाए।6. स्वयं सहायता समूहों द्वारा संचालित दुकानों की सभी जिम्मेदारियां संचालक निभाते हैं, अतः उनके खातों में ही कमीशन भेजा जाए।7. एमडीएम और आईसीडीएस योजनाओं में वितरित खाद्यान्न पर भी NFSA की तरह कमीशन दिया जाए।संगठन के पदाधिकारियों ने यह भी स्पष्ट किया कि यदि मांगों पर शीघ्र निर्णय नहीं लिया गया, तो प्रदेश भर के कोटेदार 1 अगस्त से 3 अगस्त तक राशन वितरण रोक देंगे। इससे आम जनता को होने वाली असुविधा की जिम्मेदारी शासन-प्रशासन की होगी।

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