नरेन्द्र मोदी 14 मार्च को पश्चिम बंगाल का दौरा करेंगे - अमेठी: पुलिस मुठभेड़ में 50 हजार का इनामी 'मच्छर' ढेर, पैर में गोली लगने से घायल - नरेन्द्र मोदी ने केरलमम के एर्नाकुलम में लगभग 11,000 करोड़ रुपये की कई विकास परियोजनाओं का उद्घाटन किया और उन्हें राष्ट्र को समर्पित किया - साइबर क्राइम सोनभद्र ने ऑनलाइन ठगी के तीन अभियुक्त दबोचे, एर्टिगा कार बरामद - ओबरा पुलिस ने 1.1 किग्रा गांजा के साथ अभियुक्त गिरफ्तार, मोटरसाइकिल सीजनरेन्द्र मोदी 14 मार्च को पश्चिम बंगाल का दौरा करेंगे - अमेठी: पुलिस मुठभेड़ में 50 हजार का इनामी 'मच्छर' ढेर, पैर में गोली लगने से घायल - नरेन्द्र मोदी ने केरलमम के एर्नाकुलम में लगभग 11,000 करोड़ रुपये की कई विकास परियोजनाओं का उद्घाटन किया और उन्हें राष्ट्र को समर्पित किया - साइबर क्राइम सोनभद्र ने ऑनलाइन ठगी के तीन अभियुक्त दबोचे, एर्टिगा कार बरामद - ओबरा पुलिस ने 1.1 किग्रा गांजा के साथ अभियुक्त गिरफ्तार, मोटरसाइकिल सीज

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सीईएल-ईएसडीएस ग्रीन डेटा सेंटर का किया शिलान्यास

अयोध्या टाइम्स जुगनू गौतमगाजियाबाद। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ तथा राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) डॉ. जितेंद्र सिंह ने साहिबाबाद में सीईएल-ईएसडीएस ग्रीन डेटा सेंटर का शिलान्यास किया। यह नया केंद्र सेंट्रल इलेक्ट्रॉनिक्स लिमिटेड तथा ईएसडीएस सॉफ्टवेयर सॉल्यूशन लिमिटेड के बीच रणनीतिक साझेदारी का परिणाम है, जिसे

EDITED BY: DAT BUREAU

UPDATED: Friday, June 27, 2025

अयोध्या टाइम्स जुगनू गौतम
गाजियाबाद। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ तथा राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) डॉ. जितेंद्र सिंह ने साहिबाबाद में सीईएल-ईएसडीएस ग्रीन डेटा सेंटर का शिलान्यास किया। यह नया केंद्र सेंट्रल इलेक्ट्रॉनिक्स लिमिटेड तथा ईएसडीएस सॉफ्टवेयर सॉल्यूशन लिमिटेड के बीच रणनीतिक साझेदारी का परिणाम है, जिसे उत्तर प्रदेश में डिजिटल इन्फ्रास्ट्रक्चर तैयार करने के लिए डिज़ाइन किया गया है।शिलान्यास समारोह को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि यह डेटा सेंटर न केवल उत्तर प्रदेश की डिजिटल क्षमता को सशक्त बनाएगा, बल्कि आत्मनिर्भर भारत की दिशा में एक निर्णायक कदम भी सिद्ध होगा। भारत में निर्मित यह इन्फ्रास्ट्रक्चर हमारे नागरिकों की डेटा सुरक्षा, पारदर्शिता और सेवाओं की पहुंच को नई ऊंचाई देगा। इससे युवाओं को नए रोजगार मिलेंगे और देश को डिजिटल संप्रभुता प्राप्त होगी।चेतन प्रकाश जैन (अध्यक्ष एवं प्रबंध निदेशक, सेंट्रल इलेक्ट्रॉनिक्स लिमिटेड) ने कहा, सीईएल में राष्ट्र निर्माण का हमारा संकल्प हमेशा से ही नवाचार, संवहनीयता और आत्मनिर्भरता पर आधारित रहा है।

हमारे साहिबाबाद परिसर में स्थित ग्रीन डेटा सेंटर, सही मायने में डिजिटल अचसंरचना की दिशा में एक बड़ी छलांग है, जिसे ऊर्जा की कम खपत करने वाला, पूरी तरह सुरक्षित और भविष्य के लिए तैयार बनाया गया है। ईएसडीएस के साथ अपनी इस साझेदारी के ज़रिए, हम भारत की डिजिटल और पर्यावरण संबंधी ज़रूरतों को पूरा करने के लिए संवहनीयता को आधुनिक क्लाउड तथा डेटा सेंटर टेक्नोलॉजी से जोड़ रहे हैं। मॉड्यूलर पीओडीएस, स्मार्ट कूलिंग और 30 मेगावाट की क्षमता वाला यह केंद्र उत्तर प्रदेश की डिजिटल अर्थव्यवस्था के साथ-साथ देश के आत्मनिर्भर भारत मिशन को गति देने वाले इंजन की भूमिका निभाएगा।पीयूष सोमानी (सीएमडी एवं सीईओ, ईएसडीएस सॉफ़्टवेयर सॉल्यूशन लिमिटेड) ने कहा, ईएसडीएस में हमारा विज़न हमेशा से ही सस्टेनेबल, सुरक्षित और भविष्य के लिए तैयार डिजिटल इकोसिस्टम का निर्माण करना रहा है, जो अर्थव्यवस्था को मज़बूती प्रदान करने के साथ-साथ राष्ट्र को भी सशक्त बनाए। इस डेटा सेंटर को टियर 3/टीआईए /अपटाइम मानदंडों के अनुरूप बनाया गया है, इसे हर फ्लोर पर 200 हाई-डेंसिटी रैक, 30 मेगावाट की क्षमता और 40 जीबीपीएस की कनेक्टिविटी के लिए तैयार किया गया है। अपने पेटेंट किए गए नवाचार और अत्याधुनिक तकनीक से सुसज्जित अचसंरचना को सीईएल के विज़न के साथ जोड़कर हम सस्टेनेबल और सुरक्षित तरीके से आत्मनिर्भर भारत को गति दे रहे हैं, साथ ही डिजिटल इंडिया और ग्रीन इंडिया अभियानों को भी सशक्त बना रहे हैं।सीईएल को नवाचार, सस्टेनेबल और राष्ट्र की प्रगति पर विशेष ध्यान देने वाले संस्थान के तौर पर जाना जाता है, जिसने उच्च-क्षमता वाले एक ऐसे डेटा सेंटर की ज़रूरत महसूस की, जो ऊर्जा की बचत करता हो, पूरी तरह सुरक्षित हो, साथ ही भारत के डिजिटल एवं पर्यावरण से जुड़े लक्ष्यों के अनुरूप हो। साहिबाबाद परिसर में ग्रीन डाटा सेंटर की स्थापना, उसी सोच को साकार करने की दिशा में उठाया गया कदम है। क्योंकि उत्तर प्रदेश बड़ी तेज़ी से डिजिटल इन्फ्रास्ट्रक्चर का केंद्र बनता जा रहा है। सीईएल का ग्रीन डेटा सेंटर कुशल लोगों के लिए रोज़गार के अवसर पैदा करके, स्थानीय स्तर पर नवाचार को प्रोत्साहन देकर, तथा अलग-अलग स्टार्टअप्स, उद्यमों तथा सरकारी उपयोगकर्ताओं को आकर्षित करके इस गति को और तेज़ करेगा। यहां उम्दा प्रदर्शन, सस्टेनेबल और सुरक्षा पर आधारित इस केंद्र में निम्नलिखित सुविधाएँ उपलब्ध होंगी।

उत्तर प्रदेश के सभी 75 जिले