सोनभद्र: बिजली व्यवस्था को लेकर डीएम सख्त, स्कूलों में तत्काल कनेक्शन के निर्देश

ढीले तारों को कसने और पेयजल आपूर्ति के लिए निर्बाध बिजली सुनिश्चित करने का दिया अल्टीमेटम

EDITED BY: Ground Reporter

UPDATED: Tuesday, March 10, 2026

सोनभद्र(अमान खान ब्यूरो चीफ): जिलाधिकारी श्री बी.एन. सिंह ने कलेक्ट्रेट सभागार में विद्युत विभाग और संबंधित अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक कर जनपद की बिजली व्यवस्था सुधारने के कड़े निर्देश दिए। जिलाधिकारी ने स्पष्ट किया कि विकास कार्यों और जनसुविधाओं में बिजली की कमी आड़े नहीं आनी चाहिए।

शिक्षा और पानी पर विशेष जोर

बैठक में डीएम ने जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी को निर्देशित किया कि जिन प्राथमिक और उच्च प्राथमिक विद्यालयों में अभी तक बिजली नहीं पहुंची है, उनकी सूची तत्काल विद्युत विभाग को सौंपी जाए। उन्होंने कहा कि बच्चों को बेहतर शैक्षिक वातावरण देने के लिए विद्यालयों का विद्युतीकरण प्राथमिकता पर पूर्ण हो। वहीं, जल निगम को निर्देश दिया कि ‘हर घर नल योजना’ के तहत पेयजल आपूर्ति वाले क्षेत्रों में निर्धारित समय पर बिजली की उपलब्धता सुनिश्चित की जाए ताकि जनता को पानी की किल्लत न हो।

हादसों को रोकने के लिए ढीले तार कसने के निर्देश

जनता की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए जिलाधिकारी ने उन स्थानों को चिह्नित करने को कहा जहां बिजली के तार ढीले हैं या खंभों की कमी है। उन्होंने चेतावनी दी कि लटके हुए तार बड़ी दुर्घटना का कारण बन सकते हैं, इसलिए इन्हें जल्द से जल्द ठीक कराया जाए।

शिकायतों का समयबद्ध निस्तारण

डीएम ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में रोस्टर के अनुसार बिजली आपूर्ति की जाए और उपभोक्ताओं के बिजली बिल व अन्य शिकायतों का निपटारा समय सीमा के भीतर हो।

बैठक में उपस्थिति:

इस अवसर पर मुख्य विकास अधिकारी जागृति अवस्थी, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी मुकुल आनंद पाण्डेय, जिला पंचायत राज अधिकारी नमिता शरण और विद्युत विभाग के वरिष्ठ अभियंतागण मौजूद रहे।

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