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रसिया पंचायत में दम तोड़ती ‘नल-जल योजना’

बूंद-बूंद पानी को तरस रहा महादलित टोला

EDITED BY: DAT BUREAU

UPDATED: Wednesday, June 24, 2026

संवाददाता:- फरीद अहमद

किशनगंज, ठाकुरगंज। बिहार सरकार की महत्वाकांक्षी हर घर नल का जल योजना की जमीनी हकीकत ठाकुरगंज प्रखंड की रसिया पंचायत के वार्ड संख्या-4 स्थित महादलित टोला में देखने को मिल रही है। लाखों रुपये खर्च कर ग्रामीणों तक शुद्ध पेयजल पहुंचाने के दावों के बीच यहां नल-जल योजना सिर्फ एक अधूरा ढांचा बनकर रह गई है। न नल है, न पानी, सिर्फ लोहे के पाईप का ढांचा

महादलित टोला में योजना के तहत लगाए गए पाइप और सीमेंट का ढांचा आज भी खड़ा है, लेकिन उससे पानी की एक बूंद तक नहीं निकलती। कई स्थानों पर नल तक गायब हैं। ऐसे में सरकार की यह महत्वाकांक्षी योजना ग्रामीणों के लिए सुविधा नहीं, बल्कि उपेक्षा का प्रतीक बन गई है।

स्थानीय लोगों का कहना है कि गर्मी के दिनों में स्थिति और भी भयावह हो जाती है। पीने के पानी के लिए महिलाओं और बच्चों को नीजी चापाकलों या अन्य स्रोतों का सहारा लेना पड़ता है। ग्रामीणों का आरोप है कि कोई झांकने तक नहीं आता है।

ग्रामीणों का आरोप है कि नल-जल योजना का संचालन सिर्फ कागजों में हो रहा होगा शाय़द, लेकिन जमीनी स्तर पर योजना पूरी तरह ठप पड़ी है। इससे योजना के क्रियान्वयन और निगरानी व्यवस्था पर भी सवाल खड़े हो रहे हैं।

सबसे बड़ा सवाल यह है कि आखिर योजना की नियमित मॉनिटरिंग कौन कर रहा है? यदि नल और जलापूर्ति दोनों ही बंद हैं तो संबंधित विभाग और स्थानीय जिम्मेदार ने अब तक कोई कार्रवाई क्यों नहीं की? क्या निरीक्षण सिर्फ फाइलों तक सीमित है?

ग्रामीणों ने जिला प्रशासन से मामले की उच्चस्तरीय जांच कराने, योजना की वास्तविक स्थिति का सत्यापन करने तथा दोषी अधिकारियों और एजेंसियों पर कार्रवाई की मांग की है। साथ ही अविलंब जलापूर्ति बहाल कर महादलित टोला के लोगों को स्वच्छ पेयजल उपलब्ध कराने की अपील की है। इस संबंध में ठाकुरगंज प्रखंड विकास पदाधिकारी अहमर अब्दाली से प्रतिक्रिया पूछी गई तो उन्होंने सहयोग पोर्टल पर आवेदन करवाने को कहा।

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