सोशल मीडिया पर कथित आपत्तिजनक सामग्री के मामले में राष्ट्रपति सहित सात प्रमुख संस्थाओं को भेजा गया ज्ञापन - ऑपरेशन में देरी से गर्भ में नवजात की मौत होने का गंभीर आरोप। - जिलाधिकारी की अध्यक्षता में आई0जी0आर0एस0, सीएम डैशबोर्ड कर-करेत्तर एवं राजस्व कार्यों की समीक्षा बैठक सम्पन्न हुई। - लोहिया कॉर्प 23 जुलाई से निवेशकों के लिए खोलेगी ₹3,547 करोड़ का पब्लिक इश्यू - 23 जुलाई से खुलेगा इंडो एमआईएम का ₹3812 करोड़ का आईपीओसोशल मीडिया पर कथित आपत्तिजनक सामग्री के मामले में राष्ट्रपति सहित सात प्रमुख संस्थाओं को भेजा गया ज्ञापन - ऑपरेशन में देरी से गर्भ में नवजात की मौत होने का गंभीर आरोप। - जिलाधिकारी की अध्यक्षता में आई0जी0आर0एस0, सीएम डैशबोर्ड कर-करेत्तर एवं राजस्व कार्यों की समीक्षा बैठक सम्पन्न हुई। - लोहिया कॉर्प 23 जुलाई से निवेशकों के लिए खोलेगी ₹3,547 करोड़ का पब्लिक इश्यू - 23 जुलाई से खुलेगा इंडो एमआईएम का ₹3812 करोड़ का आईपीओ

जिलाधिकारी की अध्यक्षता में आई0जी0आर0एस0, सीएम डैशबोर्ड कर-करेत्तर एवं राजस्व कार्यों की समीक्षा बैठक सम्पन्न हुई।

प्राप्त सन्दर्भों का गुणवत्तापरक निस्तारण करने के दिए निर्देश

EDITED BY: DAT ब्यूरो चीफ

UPDATED: Monday, July 20, 2026


पीलीभीत /जिलाधिकारी ज्ञानेन्द्र सिंह की अध्यक्षता में आई0जी0आर0एस0 पोर्टल पर प्राप्त जनशिकायतों के गुणवत्तापूर्ण निस्तारण करने एवं फीडबैक में सुधार लाये जाने व सीएम डेशबोर्ड राजस्व से सम्बन्धित समीक्षा बैठक गांधी सभागार में सम्पन्न हुई। बैठक में राजस्व विभाग में आईजीआरएस पर प्राप्त शिकायतों की विस्तृत समीक्षा कर सम्बन्धित अधिकारियों को निर्देश दिये कि पोर्टल पर प्राप्त जन शिकायतों का गुणवत्तापरक एवं त्वरित निस्तारण सुनिश्चित किया जाये l उन्होंने सभी अधिकारियों को निर्देशित करते हुए कहा कि शिकायतों का गुणवत्तापूर्ण निस्तारण एवं जनसामान्य के शिकायतों के निस्तारण के प्रति उनकी संतुष्टि शासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है, इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही नहीं होनी चाहिए।


इसके साथ ही राजस्व कार्यों एवं कर-करेत्तर की समीक्षा की गई। बैठक के दौरान जिलाधिकारी ने अंश निर्धारण, भूमि पैमाइश, पट्टा आवंटन, मुख्यमंत्री कृषक दुर्घटना कल्याण योजना, स्वामित्त योजना, नामांतरण, आडिट, खनिज, दाखिल खारिज, विरासत प्रकरण, पेंशन प्रकरण, राजस्व वाद, पीएम स्वानिधि योजना, कुर्रा बटवारा की समीक्षा कर प्रकरणों का ससमय निस्तारण सुनिश्चित किए जाने के निर्देश दिए।इस अवसर पर अपर जिलाधिकारी (न्यायिक), समस्त उप जिलाधिकारी, समस्त तहसीलदार, नायब तहसीलदार, प्रशासनिक अधिकारी उपस्थित रहे।

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