20 साल के संघर्ष का असर! PWD के आश्वासन के बाद खुला चक्का जाम, 15 अगस्त तक सड़क को चलने योग्य बनाने का वादा - योग प्रशिक्षकों ने रखीं 7 सूत्रीय मांगें। - करंट से मौत के मामले में हसौद पुलिस पर गंभीर सवाल, एफआईआर से आरोपी का नाम हटाने का आरोप - स्कूल में छात्रा से छेड़छाड़ का आरोपी शिक्षक चंद घंटों में गिरफ्तार - एक रात में सांप के काटने से दो युवक कि मौत .. एक का इलाज जारी20 साल के संघर्ष का असर! PWD के आश्वासन के बाद खुला चक्का जाम, 15 अगस्त तक सड़क को चलने योग्य बनाने का वादा - योग प्रशिक्षकों ने रखीं 7 सूत्रीय मांगें। - करंट से मौत के मामले में हसौद पुलिस पर गंभीर सवाल, एफआईआर से आरोपी का नाम हटाने का आरोप - स्कूल में छात्रा से छेड़छाड़ का आरोपी शिक्षक चंद घंटों में गिरफ्तार - एक रात में सांप के काटने से दो युवक कि मौत .. एक का इलाज जारी

कांवड़ यात्रा की तैयारियों का डीएम ने लिया जायजा, गंगा का जलस्तर बढ़ने पर प्रशासन अलर्ट

कांवड़ यात्रा और बाढ़—दोहरी चुनौती पर प्रशासन सतर्क

EDITED BY: DAT BUREAU

UPDATED: Saturday, August 1, 2026

फर्रुखाबाद: जनपद में श्रावण मास की कांवड़ यात्रा को सुरक्षित और व्यवस्थित ढंग से संपन्न कराने के साथ ही गंगा नदी के बढ़ते जलस्तर को देखते हुए जिला प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद हो गया है। शनिवार को जिलाधिकारी डॉ. अंकुर लाठर ने पुलिस अधीक्षक श्रीमती आरती सिंह के साथ पांचाल घाट का स्थलीय निरीक्षण किया।

कांवड़ यात्रा व्यवस्था: डीएम ने पांचाल घाट पर सुरक्षा, स्वच्छता, बैरिकेडिंग, पेयजल, शौचालय, प्रकाश व्यवस्था, चिकित्सा सुविधाओं और कंट्रोल रूम का जायजा लिया। उन्होंने गोताखोरों और जल पुलिस की मुस्तैद तैनाती सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।

बाढ़ से निपटने की तैयारी: नरौरा बैराज से पानी छोड़े जाने के कारण गंगा का जलस्तर चेतावनी बिंदु से ऊपर पहुंच गया है। इसे देखते हुए डीएम ने तीसराम मड़ैया, चित्रकूट और राजेपुर के शरणालय स्थलों का औचक निरीक्षण किया।

राहत और बचाव कार्य: शरणालयों में पेयजल, बिजली, भोजन, चिकित्सा, तथा महिलाओं, बच्चों और पशुओं के लिए समुचित व्यवस्था रखने के निर्देश दिए गए हैं। प्रभावित परिवारों को समय रहते सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने के आदेश दिए गए हैं।

यातायात और सुरक्षा: यातायात को सुचारु बनाए रखने के लिए डायवर्जन प्लान लागू करने तथा चिकित्सा दलों, एंबुलेंस और अग्निशमन विभाग को अलर्ट मोड पर रहने को कहा गया है। प्रशासन ने आम जनता से अपील की है कि वे प्रशासनिक दिशा-निर्देशों का पालन करें और किसी भी प्रकार की अफवाहों से बचें। इस दौरान अन्य संबंधित प्रशासनिक अधिकारी भी मौजूद रहे।

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