अमान खान ब्यूरो चीफ सोनभद्र। ग्राम तिरनाही (पकरी) में अम्बेडकर पार्क की सुरक्षित भूमि पर अवैध कब्जे और सदर तहसीलदार की कथित कार्यप्रणाली के विरोध में गुरुवार को विभिन्न राजनीतिक दलों ने कलेक्ट्रेट पर जोरदार प्रदर्शन किया। भाकपा, माकपा, माले, आज़ाद समाज पार्टी, भीम आर्मी और गोंगपा समेत कई संगठनों के कार्यकर्ताओं ने शहर के मुख्य मार्ग से जुलूस निकालकर जिलाधिकारी कार्यालय पर अपनी मांगों को बुलंद किया।
तहसीलदार और प्लाटरों की मिलीभगत का आरोप
प्रदर्शनकारियों का नेतृत्व कर रहे वक्ताओं ने आरोप लगाया कि ग्राम तिरनाही की आराजी संख्या 40 (रकबा 0.1260 हे.), जो खतौनी में अम्बेडकर पार्क के नाम दर्ज है, उस पर भू-माफियाओं (प्लाटरों) की नजर है। आरोप है कि सदर तहसीलदार अमित सिंह की मिलीभगत से निजी लाभ के लिए पार्क की जमीन से अवैध सड़क निर्माण का प्रयास किया जा रहा है। ग्रामीणों के विरोध करने पर तहसीलदार द्वारा कथित तौर पर धमकी दी जा रही है, जिससे गांव में तनाव व्याप्त है।
प्रशासनिक उदासीनता पर गहरा आक्रोश
नेताओं ने कहा कि इस प्रकरण में 14 जनवरी 2026 को ही जिलाधिकारी को लिखित पत्र सौंपा गया था, लेकिन एक सप्ताह बीत जाने के बाद भी कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। इससे भू-माफियाओं के हौसले बुलंद हैं। आंदोलनकारियों ने स्पष्ट किया कि यदि समय रहते सकारात्मक कार्रवाई नहीं हुई, तो जनपद स्तर पर बड़ा आंदोलन छेड़ा जाएगा।
विभिन्न दलों ने रखी तीन सूत्रीय मांग:
- भूमि संरक्षण: तिरनाही स्थित अम्बेडकर पार्क की भूमि की घेराबंदी कर उसका सौंदर्यीकरण और संरक्षण सुनिश्चित किया जाए।
- दोषियों पर कार्रवाई: सदर तहसीलदार रॉबर्ट्सगंज और संबंधित प्लाटरों के खिलाफ जांच कर कानूनी कार्यवाही की जाए।
- जनपद व्यापी सुरक्षा: सोनभद्र के सभी अम्बेडकर पार्कों, महापुरुषों के स्थलों और प्रतिमाओं को सुरक्षित किया जाए।
इनकी रही मौजूदगी
प्रदर्शन में मुख्य रूप से भाकपा जिला सचिव कामरेड आर.के. शर्मा, माकपा जिला सचिव नंद लाल आर्य, माले नेता नोहर भारती, आजाद समाज पार्टी के रवि शंकर (एडवोकेट), राष्ट्रीय पिछड़ा मोर्चा के लक्ष्मी नारायण बौद्ध और गोंगपा के जय मंगल उरेती शामिल रहे। कार्यक्रम की अध्यक्षता वरिष्ठ कम्युनिस्ट नेता कामरेड प्रेम नाथ ने की और संचालन रवि कांत ने किया। इस दौरान सैकड़ों की संख्या में विभिन्न दलों के कार्यकर्ता उपस्थित रहे।






