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परिवार रजिस्टर फर्जीवाड़े में सचिव मोहम्मद अफजल पर BNS व लोक सेवा गारंटी अधिनियम की धारा 4 का आरोप, कार्रवाई न हुई तो आंदोलन

सचिव मोहम्मद अफजल पर गंभीर धाराओं में शिकायत: जीवितों को मृत दिखाने के मामले में सीएम से लेकर डीजीपी तक प्रदेश अध्यक्ष प्रेस क्लब उत्तर प्रदेश राहुल सिंह ने शिकायत कर की कार्रवाई की मांग ...

EDITED BY: DAT BUREAU

UPDATED: Monday, February 23, 2026

Secretary Mohammad Afzal has been charged under Section 4 of the Public Service Guarantee Act and the BNS Act in the family register fraud case. If action is not taken, there will be agitation.

जिला संवाददाता चंद्रशेखर यादव

संत कबीर नगर। ग्राम पंचायत बरईपार राजस्व गांव पिपरा, विकास खण्ड–सांथा, जनपद–संत कबीर नगर में परिवार रजिस्टर में कथित अनियमितता का मामला अब कानूनी रूप ले चुका है। प्रेस क्लब उत्तर प्रदेश के प्रदेश अध्यक्ष राहुल सिंह ने पंचायत सचिव मोहम्मद अफजल के विरुद्ध गंभीर आरोप लगाते हुए प्रदेश के शीर्ष प्रशासनिक एवं पुलिस अधिकारियों को शिकायती पत्र भेजा है।
शिकायत में आरोप है कि परिवार रजिस्टर में जीवित व्यक्तियों को मृत दर्ज किया गया, जो शासकीय अभिलेखों से छेड़छाड़ और कूटरचना की श्रेणी में आता है। पत्र में भारतीय न्याय संहिता (BNS), 2023 के अंतर्गत कार्रवाई की मांग की गई है। संभावित प्रासंगिक धाराओं का उल्लेख करते हुए कहा गया है कि-
लोक सेवक द्वारा गलत अभिलेख तैयार करना एवं पद के दुरुपयोग संबंधी प्रावधान,
धोखाधड़ी से संबंधित प्रावधान,
कूटरचना (Forgery) एवं जाली दस्तावेज के उपयोग से संबंधित प्रावधान,
इसके अतिरिक्त—
उत्तर प्रदेश लोक सेवा गारंटी अधिनियम, 2011 की धारा 4 (निर्धारित समय में विधिसम्मत सेवा प्रदान करने का दायित्व)
उत्तर प्रदेश पंचायत राज अधिनियम, 1947 के प्रासंगिक प्रावधान
आवश्यकता पड़ने पर भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम, 1988 के अंतर्गत जांच की मांग भी की गई है।
प्रदेश अध्यक्ष राहुल सिंह ने कहा कि यह मामला केवल एक परिवार तक सीमित नहीं है, बल्कि शासकीय रिकॉर्ड की विश्वसनीयता और पारदर्शिता से जुड़ा है। यदि कोई भी अधिकारी सचिव मोहम्मद अफजल को बचाने का प्रयास करेगा या जांच को प्रभावित करेगा तो उसके विरुद्ध भी विधिक कार्रवाई की मांग की जाएगी।
इस संबंध में शिकायत योगी आदित्यनाथ (मुख्यमंत्री, उत्तर प्रदेश), जिलाधिकारी, मुख्य विकास अधिकारी, पुलिस अधीक्षक, बस्ती परिक्षेत्र के डीआईजी, मुख्य सचिव उत्तर प्रदेश, तथा पुलिस महानिदेशक उत्तर प्रदेश को भेजी गई है। साथ ही उत्तर प्रदेश पुलिस एवं पंचायती राज विभाग को भी अवगत कराया गया है।
राहुल सिंह ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि यदि समयबद्ध एवं निष्पक्ष कार्रवाई नहीं हुई तो प्रेस क्लब उत्तर प्रदेश लोकतांत्रिक तरीके से धरना-प्रदर्शन एवं चरणबद्ध आंदोलन शुरू करेगा। आवश्यक हुआ तो यह आंदोलन जिला मुख्यालय से लेकर राजधानी स्तर तक किया जाएगा।

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