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प्रभु बजरंग बली ही कलयुग में मूलभूत जाग्रत देवता हैं स्वतंत्रता संग्राम सेनानी वंशज राजेश तिवारी

दैनिक अयोध्या टाइम्स प्रयागराज ब्यूरो बृजेश केसरवानी प्रयागराज । प्रभु बजरंग बली ही कलयुग में मूलभूत जाग्रत देवता हैं यह अभिव्यक्ति स्वतंत्रता संग्राम सेनानी वंशज मेजा प्रयागराज के ग्राम पंचायत बकचून्दा निवासी राजेश तिवारी ने अपने प्रियजनों के बीच सीता समाहित स्थल सीतामढ़ी जंगीगंज भदोही में हनुमान

EDITED BY: DAT BUREAU

UPDATED: Thursday, July 24, 2025

दैनिक अयोध्या टाइम्स प्रयागराज ब्यूरो बृजेश केसरवानी

प्रयागराज । प्रभु बजरंग बली ही कलयुग में मूलभूत जाग्रत देवता हैं यह अभिव्यक्ति स्वतंत्रता संग्राम सेनानी वंशज मेजा प्रयागराज के ग्राम पंचायत बकचून्दा निवासी राजेश तिवारी ने अपने प्रियजनों के बीच सीता समाहित स्थल सीतामढ़ी जंगीगंज भदोही में हनुमान जी की 108 फीट ऊँची बनी प्रतिमा के सम्मुख कही।खबर का दृष्टिकोणिक कराते चले कि स्वतंत्रता संग्राम सेनानी वंशज श्री तिवारी एक विशेष कार्य से इधर कि ओर पधारे हुए थे उसी दरमियान माँ भगवती सीता समाहित स्थल पर दर्शनार्थ हेतु आ पहुँचे।आपसी सौहार्दपूर्ण साहित्यिक परिचर्चा के दौरान स्वतंत्रता संग्राम सेनानी वंशज श्री तिवारी ने अपने उद्बोधन में कहा कि प्रभु बजरंग बली ही कलयुग में मूलभूत जाग्रत देवता हैं क्योंकि माँ भगवती सीता ने इन्हें अष्टसिद्धियों एवं नौ निधियों के वरदान के साथ अजर अमर का भी वरदान देकर सभी युगों में त्रेतायुग जैसा ही बजरंग बली का प्रताप रहेगा ऐसा वरदान देकर बजरंग बली को अपने पुत्र के समान ही माँ भगवती सीता ने इन्हें प्यार दुलार दिया और उसी वरदान के प्रताप से बजरंग बली का प्रभाव समूचे ब्रह्माण्ड में आज भी वैसा ही बना हुआ है जैसे त्रेतायुग में प्रभु श्रीराम की सेवा में अनन्त दुष्टों का संहार प्रभु बजरंग बली ने किया था और आज भी प्रभु बजरंग बली दुष्टों का संहार कर सत्य एवं न्याय की रक्षा में सदैव तटस्थ खड़े रहते हैं।इसीलिए प्रभु बजरंग बली को संकट मोचन एवं दुष्टहन्ता भी कहा जाता है।स्वतंत्रता संग्राम सेनानी वंशज तिवारी ने आगे अपने व्यक्तव्य में यह भी कहा कि हनुमान जी ही समस्त संकटों के निदान जाता हैं,दीन-दुखियों के संकट मोचन कष्टनाशक भाग्य विधाता हैं।इस अवसर पर उपस्थित वरिष्ठ समाजसेवी पं० शेषमणि शुक्ला ने कहा कि स्वतंत्रता संग्राम सेनानी वंशज श्री तिवारी द्वारा प्रभु बजरंग बली पर कहा गया व्यक्तव्य सौ फीसदी सत्य है।वास्तव में कलयुग में जाग्रत देवता प्रभु बजरंग बली ही हैं।इस साहित्यिक एवं आध्यात्मिक परिचर्चा के दौरान स्वतंत्रता संग्राम सेनानी वंशज श्री तिवारी के साथ वरिष्ठ समाजसेवी पं० शेषमणि शुक्ला एवं आचार्य प्रकाशानन्द महराज के साथ आस पास प्रभु बजरंग बली के बहुतायत भक्तगण मौजूद रहे।

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