अमन कुमार नालंदा बिहार
बिहारशरीफ : बिहार अराजपत्रित प्रारंभिक शिक्षक संघ के पूर्व प्रदेश महासचिव मो. तस्लीमुद्दीन का पार्थिव शरीर सम्मान के साथ मिरदाद कब्रिस्तान में गुरुवार शाम को सुपुर्द-ए-खाक किया गया। पार्थिव शरीर बिहारशरीफ के मिरदाद मोहल्ला स्थित आवास से निकला। फूलों से सजे जनाजे में सैकड़ों लोग शामिल हुए। जनाजा यात्रा कल्यानपुर चौक से होते हुए मिरदाद कब्रिस्तान पहुंचा। पार्थिव शरीर को कुछ देर तक मस्जिद के बगल ईदगाह के बाहर लोगों के अंतिम दर्शन के लिए रखा गया। बाद में कब्रिस्तान में ले जाया गया। फिर हजरत मौलाना साहब द्वारा जनाजे की नमाज अदा की गई। जनाजे की नमाज के दौरान ईदगाह से लेकर सड़क तक नमाज अदा करने वालों की लाइन थी।
जनाजे की नमाज के बाद जब शिक्षक संघ के पूर्व प्रदेश महासचिव मरहूम मो. तस्लीमुद्दीन का जनाजा सुपुर्दे-ए-खाक के लिए कब्रिस्तान की ओर रवाना हुआ तो युवा क्या वृद्ध भी कंधा देने के लिए आगे आ रहे थे साथ ही एक झलक देखने को लेकर लोगों की आंखों में बेचैनी साफ नजर आ रही थी। अब पार्थिव शरीर कब्र में उतारा जा रहा था उस समय मरहूम मो. तस्लीमुद्दीन के भगना मो. आरिफ़, मो. राजा एवं परिवार के साथ अन्य चाहने वाले रब से जन्नत की दुआ मांग रहे थे। जनाजे की भीड़ एवं जन्नत की दुआ मांगने वालों की आवाजें उनकी लोकप्रियता का अहसास करा रहा था।
उनकी अंतिम यात्रा में संघ के प्रदेश अध्यक्ष आशुतोष कुमार राकेश ने उन्हें एक समर्पित, सरल और संघर्षशील नेता के रूप में याद किया। उन्होंने कहा कि मोहम्मद तस्लीमुद्दीन का जाना शिक्षक समुदाय ही नहीं, पूरे समाज के लिए अपूरणीय क्षति है। शिक्षक क्लब के संयोजक दिलीप कुमार ने उनके शिक्षा-क्षेत्र में योगदान, शिक्षक हितों की लड़ाई और जनसेवा को अविस्मरणीय बताया। प्रवक्ता राकेश बिहारी शर्मा ने कहा कि तस्लीमुद्दीन साहब के विचार और सेवाभाव सदैव स्मरणीय रहेंगे।
अंतिम यात्रा के दौरान “मो. तस्लीमुद्दीन अमर रहें” के नारों तथा संवेदनशील मौन के क्षणों ने वातावरण को भावुक कर दिया। परिवार के सदस्यों ने सभी आगंतुकों के प्रति आभार व्यक्त किया। जनाजे में प्रवक्ता राकेश बिहारी शर्मा, रामसागर राम, सुरेन्द्र कुमार, एवं आम लोगों में श्रद्धांजलि देनेवालों में अलि राजा, मो. निशांत आलम, धर्मवीर प्रसाद सहित कई लोग मौजूद थे।







