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परीक्षा सेंटर की मांग को लेकर ABVP सुपौल का प्रदर्शन

एबीवीपी कार्यकर्ता ने बीएनएमयू के परीक्षा नियंत्रक का किया पुतला दहन

EDITED BY: DAT BUREAU

UPDATED: Saturday, December 13, 2025

ABVP Supaul protests demanding examination centre

सुपौल ब्यूरो रिपोर्ट

सुपौल। स्नातक एवं स्नातकोत्तर की परीक्षा केन्द्र को गृह ज़िला सुपौल में ही निर्धारित करने की मांग को लेकर अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (ABVP) सुपौल के जिला संयोजक राजेश गुप्ता के नेतृत्व में जोरदार विरोध प्रदर्शन किया गया। ABVP कार्यकर्ताओं ने भारत सेवक समाज महाविद्यालय के मुख्य द्वार पर बीएनएमयू प्रशासन का पुतला दहन कर छात्रहित की आवाज बुलंद की।

ABVP ने कहा कि विश्वविद्यालय द्वारा भारतीय समाज सेवक महाविद्यालय सुपौल परीक्षा केन्द्र मधेपुरा कर दिया गया है वहीं विश्वविद्यालय द्वारा मधेपुरा और सहरसा का परीक्षा सेंटर गृह जिला ही किया गया है ! सुपौल जिले के दूर-दराज़ क्षेत्रों से आने वाले हजारों विद्यार्थियों को प्रतिदिन 80–90 किलोमीटर तक की अतिरिक्त यात्रा करनी पड़ती है, जो छात्रों के लिए अव्यवहारिक, असुरक्षित और आर्थिक रूप से बोझिल है।

प्रदर्शन के दौरान छात्र नेता शिवजी कुमार ने कहा कि विश्वविद्यालय प्रशासन द्वारा लगातार सुपौल जिले के छात्रों के साथ घोर लापरवाही बरती जा रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि मनमाने तरीके से परीक्षा केन्द्र गृह ज़िला सुपौल में न देकर मधेपुरा निर्धारित कर दिया जाता है, जबकि सहरसा का सहरसा और मधेपुरा का मधेपुरा ही केन्द्र बना दिया जाता है। यदि विश्वविद्यालय प्रशासन इस गंभीर मुद्दे पर शीघ्र संज्ञान नहीं लेता है, तो ABVP अनिश्चितकालीन धरना-प्रदर्शन करने के लिए बाध्य होगी।

वहीं छात्र नेता रंजीत झा ने कहा कि सुपौल जिला अंतर्गत एल.एन.एम.एस. कॉलेज, वीरपुर का सेंटर में 70–80 किलोमीटर की दूरी पर सुपौल परीक्षा केन्द्र निर्धारित किया जाता है, लेकिन इसके बावजूद भारत सेवक समाज महाविद्यालय एवं अनूप लाल यादव कॉलेज, त्रिवेणीगंज को परीक्षा केन्द्र नहीं बनाना कहीं-न-कहीं विश्वविद्यालय प्रशासन की मानसिक दिवालियापन को दर्शाता है। उन्होंने कहा कि यह निर्णय पूरी तरह से तर्कहीन और छात्रहित के विरुद्ध है।

ABVP जिला संयोजक राजेश कुमार ने कहा कि अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद केवल एक संगठन नहीं, बल्कि वर्षभर छात्रहित के लिए संघर्ष करने वाला छात्र आंदोलन है। परिषद निरंतर कॉलेज प्रशासन एवं विश्वविद्यालय प्रशासन को छात्रों की समस्याओं से अवगत कराती रही है। इसके बावजूद सुपौल जिले के साथ बार-बार सौतेला रवैया अपनाया जाना अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण है। उन्होंने कहा कि यदि समय रहते सेंटर की मांग पर सकारात्मक निर्णय नहीं लिया गया, तो छात्र आंदोलन और अधिक तेज किया जाएगा।
मौके पर नगर मंत्री कुंदन कुमार, सतीश कुमार, अभय प्रताप, गोलू कुमार, रिंकू कुमार,नीरज कुमार, मनीष कुमार, रोहित कुमार, सहित दर्जनों कार्यकर्ता उपस्थित थे।

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