​सोनभद्र: विकास कार्यों की सुस्त रफ़्तार पर जिलाधिकारी की दोटूक, लापरवाही पर होगी विभागीय कार्रवाई

​सी.एम. डैशबोर्ड और आईजीआरएस की समीक्षा: अधिकारियों को सुबह 10 से 12 बजे तक कार्यालय में रहने के निर्देश

EDITED BY: Ground Reporter

UPDATED: Sunday, March 1, 2026

सोनभद्र (अमान खान ब्यूरो चीफ): जिलाधिकारी श्री बी0एन0 सिंह ने आज कलेक्ट्रेट सभागार में नवीन सी.एम. डैशबोर्ड के माध्यम से जनपद के विकास कार्यों की गहन समीक्षा की। उन्होंने स्पष्ट किया कि शासन द्वारा निर्धारित लक्ष्यों को समय सीमा के भीतर शत-प्रतिशत पूर्ण करना अनिवार्य है।

बैठक के मुख्य बिंदु:

  • नल से जल योजना: जिलाधिकारी ने जल निगम को निर्देशित किया कि जिन गांवों में पेयजल परियोजनाएं पूर्ण हो चुकी हैं, वहां नियमित जलापूर्ति सुनिश्चित की जाए। अब उन गांवों में टैंकरों से पानी भेजने की आवश्यकता नहीं है।
  • शिकायत निस्तारण में सख्ती: आईजीआरएस (IGRS) पोर्टल पर प्राप्त शिकायतों के निस्तारण में ‘असंतुष्ट’ फीडबैक मिलने पर नाराजगी जाहिर की। जिलाधिकारी ने कहा कि शिकायतों का निस्तारण केवल कागजी नहीं, बल्कि गुणवत्तापूर्ण होना चाहिए।
  • अधिकारियों की उपस्थिति: सभी जनपद स्तरीय अधिकारियों को कड़े निर्देश दिए गए हैं कि वे प्रतिदिन प्रातः 10 बजे से 12 बजे तक अनिवार्य रूप से अपने कार्यालय में बैठकर जनसुनवाई करें।
  • चेतावनी: लाभार्थीपरक और जनकल्याणकारी योजनाओं में ढिलाई बरतने वाले अधिकारियों के विरुद्ध उच्चाधिकारियों को पत्राचार कर कठोर विभागीय कार्रवाई की जाएगी।

​बैठक में मुख्य विकास अधिकारी जागृति अवस्थी सहित जनपद के सभी विभागीय अध्यक्ष एवं संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।

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