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अधिवक्ताओं ने राज्यपाल को संबोधित ज्ञापन उपजिलाधिकारी को सौंपा,

एडवोकेट प्रोटेक्शन एक्ट' लागू करने की मांग

EDITED BY: DAT ब्यूरो चीफ

UPDATED: Tuesday, May 19, 2026

सोनपाल कुशवाहा

पूरनपुर/ लखनऊ में पुलिस द्वारा अधिवक्ताओं के चैंबरों को हटाए जाने और उन पर किए गए लाठीचार्ज की घटना के विरोध में अब प्रदेश भर के वकीलों में आक्रोश फैल गया है। इसी क्रम में सोमवार को प्रगतिशील अधिवक्ता एसोसिएशन,पूरनपुर (पीलीभीत)ने उत्तर प्रदेश के महामहिम राज्यपाल को संबोधित ज्ञापन भेजकर दोषी पुलिसकर्मियों पर कार्रवाई और अधिवक्ताओं की सुरक्षा के लिए ठोस कानून की मांग की है।

एसोसिएशन द्वारा भेजे गए पत्र में निम्नलिखित बिंदुओं पर जोर दिया गया है वहीं अधिवक्ताओं का कहना है कि लखनऊ पुलिस ने नियम विरुद्ध और अलोकतांत्रिक तरीके से बुलडोजर चलाकर वकीलों के चैंबर हटाए और उन पर लाठीचार्ज किया,जो पूरी तरह से निंदनीय है। पत्र में उल्लेख किया गया है कि प्रदेश में आए दिन अधिवक्ताओं की जान-माल पर खतरा बना रहता है, जिससे कानूनी बिरादरी में गहरा रोष है।एसोसिएशन ने मांग की है कि अधिवक्ताओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए प्रदेश में जल्द से जल्द अधिवक्ता प्रोटेक्शन एक्ट’ लागू किया जाए।

वहीं राज्यपाल से प्रार्थना की गई है कि इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराई जाए और लाठीचार्ज के दोषी पुलिस प्रशासन के अधिकारियों को दंडित किया जाए। इस दौरान एसोसिएशन के अध्यक्ष संजय सक्सेना और महामंत्री सुशील सक्सेना सहित कई अन्य पदाधिकारियों के हस्ताक्षर हैं। अधिवक्ताओं ने स्पष्ट किया है कि वे उच्च न्यायालय के आदेशों का सम्मान करते हैं, लेकिन पुलिस की बर्बरता और अलोकतांत्रिक रवैये को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

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