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जिलाधिकारी ने विद्यालयों का आकस्मिक निरीक्षण सुरक्षा व पढ़ाई पर जोर, लापरवाही पर दी चेतावनी

कस्तूरबा विद्यालय में रहने वाली छात्राओं की सुरक्षा, भोजन और पढ़ाई की जिम्मेदारी सर्वोपरि है, जिसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी

EDITED BY: DAT BUREAU

UPDATED: Friday, November 28, 2025

District Magistrate conducts surprise inspection of schools, stresses on safety and education, warns against negligence

कटिहार-जिला पदाधिकारी मनेष कुमार मीणा गुरुवार को कोढ़ा प्रखंड क्षेत्र में शिक्षा व्यवस्था का जायजा लेने के लिए आकस्मिक निरीक्षण पर पहुंचे। सर्वप्रथम उन्होंने नजर चौक स्थित कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालय का दौरा किया।
परिसर में प्रवेश करते ही डीएम ने छात्राओं के रहने-खाने की व्यवस्था, हॉस्टल की साफ-सफाई, रसोई घर तथा भोजन की गुणक्ता का विस्तार से निरीक्षण किया। इसके उपरांत, डीएम ने छात्राओं से व्यक्तिगत रूप से बातचीत कर उनकी समस्याओं की जानकारी ली, जहां कई छात्राओं ने भोजन व्यवस्था और अध्ययन संबंधी सुझाव दिए। इस पर डीएम ने
तत्काल मौके पर ही प्राचार्य को आवश्यक निर्देश जारी किए।

उन्होंने जोर देकर कहा कि कस्तूरबा विद्यालय में रहने वाली छात्राओं की सुरक्षा, भोजन और पढ़ाई की जिम्मेदारी सर्वोपरि है, जिसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। निरीक्षण के दौरान डीएम ने विशेष रूप से यह निर्देश भी दिया कि जल संरक्षण और जल-संचय को लेकर छात्राओं में नियमित जागरूकता कार्यक्रम चलाए जाएं, क्योंकि जल-जीवन-हरियाली अभियान के तहत विद्यालयों की भूमिका अहम है और छात्राओं को इस विषय पर प्रायोगिक गतिविधियोंके माध्यम से जागरूक किया जाना चाहिए। कस्तूरबा विद्यालय के निरीक्षण के बाद, जिला पदाधिकारी डिग्री हाई स्कूल पहुंचे।

यहां उन्होंने कक्षा संचालन, शिक्षकों की उपस्थिति, विद्यार्थियों की उपस्थिति पंजी, विज्ञान और गणित प्रयोगशाला की स्थिति तथा मध्याह्न भोजन व्यवस्था का गहन निरीक्षण किया। कक्षाओं में डीएम ने छात्रों से सीधे प्रश्न भी पूछे और उनकी पढ़ाई की गुणवत्ता का जायजा लिया। डिग्री हाईस्कूल के प्राचार्य को डीएम ने निर्देश दिया कि विद्यालय में शिक्षण अनुशासन को और मजबूत किया जाए तथा जिन कक्षाओं में शैक्षणिक प्रगति कम है, उनके लिए विशेष कक्षाएं आयोजित की जाएं।

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