अजय कुमार
सहरसा/बिहार। मिथिला के सिद्ध साधक महान संत योगीराज परमहंस लक्ष्मीनाथ गोस्वामी का 232 वां जन्मोत्सव सह महापरिनिर्वाण दिवस पर मंगलवार को विगत वर्षों की तरह बाबाजी कुटी बनगांव मे पंचोपचार पुजा के साथ सरबा सद्भावना रथयात्रा शुरू हुआ। सरबा सद्भावना यात्रा के शुभअवसर पर सहरसा नगर निगम की महापौर ब बैनप्रिया, डा रमण झा, डा अरूण खां एवं मिशन अध्यक्ष धनंजय कुमार झा के द्वारा झंडी दिखाकर रथ को रवाना किया गया।वही पंचोपचार पूजा में पंडित पवन कुमार झा, पंडित नुनुजी, पंडित नवीन खां, पंडित राजेन्द्र बाबा, पंडित राघव के द्वारा संपन्न कराया गया।
लक्ष्मी नाथ सेवा मिशन के अध्यक्ष धनंजय कुमार झा उर्फ भगवान जी,राजेश मंटू,राहुल बिल्टू, रोशन कुमार एवं राहुल बनगांव ने बताया कि बाबाजी सरबा सद्भावना रथ यात्रा बनगांव से यात्रा प्रारंभ होकर देवना, गोपाल बरियाही,कहरा कुट्टी, सराही बाईपास होते हुए मत्स्यगंधा स्थित बाबाजी कुटी पर विशेष पूजा पाठ किया गया। तत्पश्चात शर्मा सद्भावना रथ यात्रा बलहा, गढिया,बारा, लालगंज होते हुए सिहौल बाबाजी की कुटी पर समापन किया गया।
इस अवसर पर बाबाजी लिखित गीत भजन नचारी कीर्तन भजन का गायन किया गया।इसके साथ ही बाबा जी के लिखित विचारों को प्रवचन के रूप में व्याख्यान माला प्रसारित किया गया। अध्यक्ष श्री झा ने कहा कि परमहंस लक्ष्मी नाथ गोसाई के सामाजिक समरसता का सिद्धांत आज भी प्रासंगिक है। उनका जीवन संपूर्ण समाज के लिए समर्पित रहा। जिसके कारण बाबा जी आज भी सभी वर्ग जाति धर्म समुदाय में पूजे जाते हैं।उनके सिद्ध साधक संत होने का प्रमाण इस बात से मिलता है।आज भी लोग उनकी झूठी शपथ नही लेते है।
इसका उल्लंघन करने वाले को तत्काल उसका परिणाम तुरन्त भुगतना पड़ता है।बाबा जी का जन्म एवं स्वर्गारोहण दोनों आज ही के दिन विवाह पंचमी के दिन हुआ था जो अद्भुत संयोग है।लक्ष्मीनाथ सेवा मिशन बाबा जी के विचारों को जन-जन के बीच पहुंचा रहा है। इसके साथ ही कई सामाजिक सरोकार से जुड़े कार्यों को पूर्ण कर रहा है।बाबाजी सामाजिक समरसता के प्रतीक थे। इसके कारण उनके शिष्य सभी धर्म एवं समुदाय से जुड़े हैं।
उन्होने कहा कि लक्ष्मीनाथ सेवा मिशन वर्ष 2016 से अनवरत यह कार्यक्रम चला रहा है।यह यात्रा बनगांव बाबाजी कुटी से शुरू होकर, संपूर्ण बनगांव का भ्रमण करते हुए कहरा बाबाजी कुटी पहुंची, जहाँ महाप्रसाद वितरण किया गया। फिर मत्स्यगंधा कुटी, बारा कुटी होते सिहौल कुटी पहुंची, जहाँ बाबाजी के महाआरती के उपरांत भजन कार्यक्रम आयोजित किया गया।सरबा सद्भावना यात्रा मे मिशन के राहुल बिलटु, भरतजी, राजेश मन्टु, अभिषेक सोनू, ओमजी, मनोरंजन खां, अरविन्द, खां संतोष खां, संजीव, मोनु, आजाद रोशन,गौतम नाथ झा, पीयूष गोलू, सौरभ कुमार,अमित कुमार, सूरज, राजा, राकेश मिश्रा, कौशल, समीर,नीतीश चौधरी, सलिल चौधरी, चंदन झा, गोपाल मिश्रा, चुनचुन खां, रितिक कुमार व रवि शंकर सहित सैकड़ों अन्य सरबा बन्धु उपस्थित थे।







