फर्रुखाबाद में नारी सुरक्षा को लेकर पुलिस का व्यापक व सघन जागरूकता अभियान - नवाबगंज में बेकाबू ट्रक का कहर, फुटपाथ की दुकान में घुसने से युवक गंभीर रूप से घायल - सनातन हिन्दू धर्म में अंतिम यात्रा के महत्व को भूलती आधुनिक पीढ़ी - कप्तान के निर्देशन में एसआई देवेंद्र सिंह का एक्शन, महिलाओं को दिया सुरक्षा संदेश - जमीनी विवाद में खूनी संघर्ष,लाठी-डंडों व धारदार हथियार से हमला,युवक गंभीर घायलफर्रुखाबाद में नारी सुरक्षा को लेकर पुलिस का व्यापक व सघन जागरूकता अभियान - नवाबगंज में बेकाबू ट्रक का कहर, फुटपाथ की दुकान में घुसने से युवक गंभीर रूप से घायल - सनातन हिन्दू धर्म में अंतिम यात्रा के महत्व को भूलती आधुनिक पीढ़ी - कप्तान के निर्देशन में एसआई देवेंद्र सिंह का एक्शन, महिलाओं को दिया सुरक्षा संदेश - जमीनी विवाद में खूनी संघर्ष,लाठी-डंडों व धारदार हथियार से हमला,युवक गंभीर घायल

अपनी संस्कृति को जीवित रखने के लिए सांस्कृतिक आयोजन आवश्यक: दीप्ति

मेला गुघाल में ‘देवभूमि उत्तराखण्ड सांस्कृतिक संध्या’ का आयोजन

EDITED BY: DAT BUREAU

UPDATED: Sunday, September 14, 2025

Organizing 'Devbhoomi Uttarakhand Cultural Evening' in Mela Gughal

सहारनपुर। परस्पर सौहार्द व सांस्कृतिक राष्ट्रवाद के प्रतीक श्री जाहरवीर गोगा जी महाराज की स्मृति में आयोजित सांस्कृतिक कार्यक्रमों की श्रृंखला में नगर निगम द्वारा जनमंच सभागार (सेठ गंगा प्रसाद माहेश्वरी सभागार) में ‘देवभूमि उत्तराखण्ड सांस्कृतिक संध्या’ का आयोजन किया गया।

कार्यक्रम का उद्घाटन भाजपा महिला मोर्चा की राष्ट्रीय महामंत्री दीप्ति रावत, नगर विधायक राजीव गुंबर, विधायक देवेंद्र निम, पूर्व सांसद राघव लखनपाल शर्मा, भाजपा महानगर अध्यक्ष शीतल विश्नोई, पूर्व महानगर अध्यक्ष हेमंत अरोड़ा व राकेश जैन, मेला चेयरमैन नीरज शर्मा, उपसभापति मयंक गर्ग तथा महिला मोर्चा की प्रदेश मंत्री नूतन शर्मा व गढवाल सभा के प्रधान चिरंजीव देवरानी आदि ने पेशावर काण्ड के नायक चंद्रसिंह गढ़वाली, अमर शहीद देवसुमन व भारत के प्रथम रक्षा प्रमुख (सीडीएस) बिपिन रावत के चित्रों के समक्ष दीप प्रज्वलित और रिबन काटकर किया।

सांस्कृतिक संध्या में उत्तराखण्ड सांस्कृतिक समूह के कलाकारों ने ‘‘यो ताली ताला,यो गोरी थाला/यो माथी कानरा,रानी रुप रुमाला’’ गीत पर छोलिया नृत्य तथा बेडू पाको बारामासा, नरेना कपल पाको चैता मेरी छैला गीतों पर नृत्य कर समा बांध दिया। इसके अलावा देवभूमि कलामंच के संगीतकार विनोद चौहान व अमित खरे ने ‘‘जय हो कुमाऊं, जय हो गढ़वाला…….’’, दिनेश चौनियाल के ‘‘भाना है रंगीली भाना, जरा ठंडू चले दे, जरा मठू चले दे’’ तथा शिवानी नेगी के ‘‘हाय ककड़ी झील मा…..’’ गाकर श्रोताओं की खूब वाहवाही लूटी।

कार्यक्रम को सम्बोधित करते हुए मुख्य अतिथि दीप्ति रावत ने कहा कि अपनी संस्कृति को जीवित रखने के लिए ऐसे आयोजन आवश्यक हैं। उन्होंने अपने गांव-संस्कृति से जुडे़ रहने के लिए लोगों से गांव में आने-जाने का सिलसिला बनाये रखने का भी आह्वान किया। इससे पूर्व कार्यक्रम संयोजक व पार्षद वीरेन्द्र उपाध्याय, सहसंयोजक संदीप रावत आदि ने मुख्य अतिथि दीप्ति रावत सहित अन्य सभी अतिथियों व पार्षदों का पटके पहनाकर स्वागत किया। कार्यक्रम का संचालन नरेश रावत व सीमा कात्यायनी ने किया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में पार्षद व शहर के गणमान्य लोग मौजूद रहे।

खबरें और भी

उत्तर प्रदेश के सभी 75 जिले